इटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन कीजिए

इटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन कीजिए

जैसा कि हम जानते हैं सन 1848 से सन 1871 के बीच इटली का एकीकरण हुआ था। यदि आपको इसके बारे में जानकारी नहीं है तो हम एक संक्षिप्त जानकारी इस लेख में आपको जरूर उपलब्ध करवाएंगे। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इटली के एकीकरण में कई प्रकार की बाधाएं सामने आई थी जिसका समाधान एक सर्वाधिक उपर्युक्त मस्तिष्क में किया था। वह मस्तिष्क काउंट कैमिलो दे कावूर का था।

आप सोचते होंगे कि यह काउंट कैमिलो दे कावूर कौन है? यदि आप इसके बारे में नहीं जानते और जानना चाहते हैं तो आज हम आपको यह बताएंगे कि काउंट कैमिलो दे कावूर कौन था, तथा इटली के एकीकरण में उस का योगदान क्या था।

आज के लेख में हम इटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन करेंगे।

तो चलिए शुरू करते हैं:-

काउंट कैमिलो दे कावूर कौन था?

कावूर का जन्म सन 1801 में हुआ था। उनका जन्म पिंडमांट के एक सामंत जिनका नाम साइकेल विंसी था, उनके घर में हुआ था। उन्होंने सैनिक अकादमी से शिक्षा प्राप्त की तथा अपनी शिक्षा समाप्त करके सेना में एक इंजीनियर के पद पर नियुक्त किए गए।

उनके शानदार विचारों के कारण और उदारवादी व्यवहार के कारण उन्होने सेना से त्यागपत्र दे दिया और जमीदारी का काम करने लगे।

1847 में उन्होंने ‘इल रिसर्जीमेंतो’ नामक पत्र निकाला, जिसमें उन्होंने इटली के एकीकरण के संबंध में अपने विचार प्रस्तुत किए, और कई लेख लिखे। उन्हें पिंडमांट सार्डिनीया की संसद का सदस्य चुना गया।

2 साल बाद उन्हें वित्त एवं उद्योग मंत्री का पद मिला।

इसके 2 साल बाद यानी कि सन 1852 में उन्हें प्रधानमंत्री नियुक्त किया गया और सन 1861 तक वे अपने प्रधानमंत्री का कार्यभार संभालते रहे।

इटली का एकीकरण

italy ka ekikaran kaun kiya tha

इटली के एकीकरण के बारे में जानने से पहले हम देश के एकीकरण का मतलब समझ लेते हैं। आमतौर पर जब कोई देश एकीकृत नहीं होता है, तब उसके काफी सारी राज्य विखंडित रूप में बिखरे हुए होते हैं।

लेकिन जब समय के अनुसार वह सारे राज्य अपनी इच्छा अनुसार या बलपूर्वक एकीकृत कर दिया जाए तो, उसे खंडित राज्य से एक महान राष्ट्र की स्थापना की जाती है, जिससे राष्ट्र का एकीकरण कहा जाता है। उसी प्रकार इटली का भी एकीकरण किया गया था। यह एकीकरण आमतौर पर तब किया जाता है जब कोई देश गुलाम हो या किसी के प्रभुत्व के अधीन हो।

जब भी किसी राज्य या राष्ट्र का एकीकरण किया जाता है तो उसे भावनात्मक रूप से या भौतिक रूप से अपने ऊपर किए गए प्रभुत्व को समाप्त करना होता है उस समय इटली के ऊपर ऑस्ट्रिया का प्रभुत्व था जिसे समाप्त करके इटली का एकीकरण सुनिश्चित किया जा सका।

इटली के एकीकरण में कावूर का योगदानइटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन

हालांकि हम आपको इटली के एकीकरण में कावूर के योगदान के बारे में विस्तार से बताने वाले हैं, लेकिन आप को समझाने के लिए हम यह बता सकते हैं कि इटली के एकीकरण में ज्युसेपी मेत्सिनी इटली की के एकीकरण आन्दोलन की आत्मा थे।  काउंट कैमिलो दे कावूर ने इटली के एकीकरण आन्दोलन का मस्तिष्क थे। गैरीबाल्डी तथा विक्टर इमैनुअल (द्वितीय) ने इटली के एकीकरण आन्दोलन का शरीर बनकर इटली के एकीकरण में अपना योगदान दिया था।

विक्टर इमेज एक प्रकार से युद्ध के माध्यम से इटली का एकीकरण करना चाहते थे लेकिन सन 1831 से 1848 के दौरान लड़े गए युद्ध में उन्हें हार का सामना करना पड़ा और इसके पश्चात उन्होंने इटली के एकीकरणका सारा दारोमदार कावूर के कंधों पर छोड़ दिया।

काउंट कैमिलो दे कावूर इटली के इतिहास के बहुत बड़े कूटनीतिज्ञ थे तथा वह सार्डीनिया पिंडमांट के प्रधानमंत्री थे उन्होंने इटली के विखंडित प्रदेशों को एकीकृत करने के लिए चलाए गए आंदोलन का प्रखर रूप से नेतृत्व किया।

काउंट कैमिलो दे कावूर के योजनाओं के अनुसार ऑस्ट्रिया इटली का सबसे बड़ा दुश्मन था और अपने दुश्मन से निपटने के लिए उन्होंने अपने कूटनीति का इस्तेमाल करते हुए ऐसी योजनाएं बनाई कि सन 1859 में उन्होंने ऑस्ट्रियाई शक्तियों को हराने में  सफलता प्राप्त की।

गैरीबाल्डी उस समय सशस्त्र स्वयंसेवकों का नेतृत्व कर रहे थे जिन्होंने काउंट कैमिलो दे कावूर के साथ ऑस्ट्रेलियाई शक्ति को हराने में भाग लिया था। इस प्रकार ऑस्ट्रिया को हराकर इटली के एकीकरण का कार्य पूरा किया।

अब यदि हम एक मूल्यांकन के तौर पर कावूर के कार्यों को समझें तथा उसका निष्कर्ष निकालने की कोशिश करे तो हमें पता चलेगा कि कबले हर संभव प्रयास किए ताकि इटली का एकीकरण किया जा सके। ऑस्ट्रिया के प्रभुत्व से इटली को आजादी मिल सके इसके लिए उसने राजनीतिक आर्थिक और सैन्य शक्ति से अपने राज्य को इटली के प्रभुत्व से आजादी दिलाने के प्रयास किए।

कावूर की इच्छा

ऐसा माना जाता है कि पिंडमांट-सार्डिनीया को कावूर एक ऐसे आदर्श राज्य के रूप में उभारना चाहता था जिसे देखकर इटली के अन्य राज्य भी कावूर को अपना नेता स्वीकार कर लेते हैं, और इटली को एक एकीकृत राज्य के रूप में बनाने का उसका उद्देश्य पूरा हो जाता।

इसीलिए उसने पिंडमांट-सार्डिनीया मे कई प्रकार के संवैधानिक बदलाव किए, कानूनी सुधार किए, कृषि-उद्योग, व्यापार और विकास के अनेकों प्रयास किए, तथा स्वतंत्रता-व्यापार और आर्थिक नीति के उन्होंने विभिन्न प्रकार की व्यापारिक संधि की।

साथ ही साथ उन्होंने अनेक यूरोपीय राज्यों से भी अच्छे रिश्ते कायम किए और उन्होंने अपने कारखानों को सरकारी सहायता दी। रेल सड़क और नहरों का निर्माण किया। चर्चों से जमीन लेकर उसका सभी के भलाई में उपयोग किया।

वित्त संबंधी कई ऐसे सुधार किए जिसके कारण टैक्स पहले से कई गुना बढ़ कर आने लगा और पिंडमांट-सार्डिनीया राज्य की आय में भी वृद्धि की। उन्होंने चर्चा और मठों के कल्चर को पूरी तरह से समाप्त कर दिया और पादरियों को राज्य से निकाल दिया। साथ ही साथ उन्होंने 90,000 सैनिकों की एक अनुशासित प्रशिक्षित और संगठित सेना तैयार की।

कावूर का उद्देश्य

कावूर का मूल उद्देश्य यह था कि इटली के एकीकरण का नेतृत्व पिंडमांट-सार्डिनीया के द्वारा किया जाए।

दूसरा उद्देश्य यह था कि पिंडमांट-सार्डिनीया को राजनीतिक सामाजिक, आर्थिक, बौद्धिक और सभी प्रकार के दृष्टिकोण से एक ऐसे आदर्श राज्य के रूप में निर्मित किया जाए जिसे देखकर इटली के सभी राज्य पिंडमांट-सार्डिनीया को अपना आदर्श माने तथा कावूर को अपना नेता माने।

किसी भी प्रकार से इटली को ऑस्ट्रेलिया के प्रभुत्व से आजादी दिलाई जाए, तथा ऑस्ट्रिया से आजादी प्राप्त करने के लिए यूरोपीय देशों की सहायता ली जाए।

निष्कर्ष

आज के लेख में हमने इटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन किया। साथ ही साथ हमने यह भी जाना कि कावूर कौन थे, इटली का एकीकरण कैसे हुआ और इटली के एकीकरण संबंधित कई विशेष जानकारियाँ हमने इस लेख में प्राप्त की।

हम आशा करते है कि आज का यह लेख आपके सारे  सवालों के जवाब देने में समर्थ रहा होगा। अगर आपको इस लेख से संबंधित कोई सवाल पूछना है तो आप हमसे कॉमेंट बॉक्स में पूछ सकते हैं।

FAQ

इटली के एकीकरण में कावूर कौन था?

कैवोर का पूरा पूरा कैमिलो डी कैवोर था। कावूर का जन्म 1810 ई. सैनिक शिक्षा प्राप्त कर रहे थे।

इटली के एकीकरण के क्या कारण थे?

इटली में क्रांति की लहर चल पड़ी। टस्कनी, मोडेना और पर्मा के लोगों ने अपने शासकों के खिलाफ विद्रोह किया। इस समय नेपोलियन III ने ऑस्ट्रिया के साथ एक समझौता किया। ऑस्ट्रियाई सार्डिनिया युद्ध का एक महत्वपूर्ण परिणाम यह था कि इसने इटली के एकीकरण के आंदोलन को गति दी।

इटली का एकीकरण कब और क्यों हुआ?

इस अभियान की शुरुआत और समाप्ति की तारीखें इतिहासकारों द्वारा विवादित हैं, लेकिन अधिकांश का मानना ​​है कि यह 1815 में इटली पर नेपोलियन बोनापार्ट के शासन के अंत में वियना कन्वेंशन और 1870 में राजा विटोरियो इमानुएल की सेनाओं द्वारा रोम के साथ शुरू हुआ था।

1 thought on “इटली के एकीकरण में कावूर के कार्यों का मूल्यांकन कीजिए”

  1. Thanks for sharing your thoughts. I truly appreciate your efforts and I will
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